STUDY MATERIAL ONLINE
CLASS 1ST TO CLASS 12 TH

कक्षा चौथी विषय हिन्दी पाठ 1 मेरी अभिलाषा है

0

कक्षा चौथी विषय हिन्दी पाठ 1 मेरी अभिलाषा है

सूरज-सा चमकूँ मैं,

चंदा-सा चमकूँ मैं,

जगमग-जगमग उज्ज्वल,

तारों-सा दमकूँ मैं,

मेरी अभिलाषा है।

फूलों-सा महकूँ मैं,

विहगों-सा चहकूँ मैं,

गुंजित-सा वन-उपवन,

कोयल-सा कुहकूँ मैं,

मेरी अभिलाषा है।

नभ से निर्मलता लूँ,

शशि से शीतलता लूँ,

धरती से सहनशक्ति,

पर्वत से दृढ़ता लूँ

मेरी अभिलाषा है।

मेघों-सा मिट जाऊँ,

सागर-सा लहराऊँ,

सेवा के पथ पर मैं.

सुमनों-सा बिछ जाऊँ।

मेरी अभिलाषा है।

शिक्षण-संकेत : कविता का सस्वर वाचन करें। दो-दो पंक्तियों का वाचन करते हुए बच्चों से उनका अनुकरण कराएँ। बाद में कविता को चार भागों में बाँटकर चार समूहों को एक-एक भाग पर चर्चा करने को प्रोत्साहित करें। प्रत्येक समूह से उस भाग का अर्थ तथा भाव स्पष्ट कराएँ। अन्त में शिक्षक कविता का अर्थ स्पष्ट करें। 

प्रश्न और अभ्यास


प्रश्न 1. कविता में किनके जैसे चमकने और दमकने की बात कही गई है ?
प्रश्न 2. बच्चा नभ, शशि, धरती और पर्वत से क्या-क्या लेने की अभिलाषा करता है?
प्रश्न 3. बच्चा किसके पथ पर फूलों के जैसे बिछने की अभिलाषा करते हैं ?
प्रश्न 4. बच्चा सूरज और चंदा के समान चमकना क्यों चाहता है ?
प्रश्न 5. फूलों में क्या गुण होता है ? बच्चा फूलों से किस गुण को लेना चाहता है ?
प्रश्न 6. किस पक्षी का कौन-सा गुण बच्चा अपनाना चाहता है ?
प्रश्न 7. कविता में तुम्हें कौन-सी पंक्तियाँ अच्छी लगी ? कारण बताते हुए उत्तर लिखो।
प्रश्न 8. ऐसे दो फूलों के नाम लिखो जिन्हे तुम जानते हो?
प्रश्न 9. तुम दूसरों की भलाई के लिए कौन – कौन से कार्य करना पसंद करोगे?
प्रश्न 10. तुम्हारी क्या बनने की अभिलाषा है ?

गतिविधि


बच्चो से चर्चा करें-
1 वृक्षों से हमें क्या लाभ हैं ?
2 पशु हमारे लिए कितने उपयोगी हैं ?
3 किताबों का हमारे लिए क्या उपयोग है ?
समूहों में क्या-क्या बातें हुईं? बच्चे कक्षा में समूहवार सुनाएँ।

समझो


तुम जानते हो कि एक चीज़ को कई नामों से जाना जाता है, जैसे मनुष्य को नर और मानव भी कहते हैं; पहाड़ को पर्वत और गिरि भी कहते हैं। नर और ‘मानव’ मनुष्य शब्द के पर्यायवाची शब्द कहलाते हैं। इसी प्रकार ‘पर्वत और ‘गिरि पहाड़ शब्द के पर्यायवाची शब्द हैं।

प्रश्न 1 इन शब्दों के दो-दो पर्यायवाची शब्द लिखो।
सूरज, चंदा, फूल, विहग, नभ, धरती, पर्वत, मेघ ।


प्रश्न 2 नीचे बने चौखाने में कुछ शब्द और उनके विलोम शब्द दिए गए हैं। इन्हें छाँटकर अलग-अलग लिखो
धरती, शीतल, स्थिर, सहनशील, उष्ण, आकाश, अस्थिर,

रचना


इस कविता में बालक ने ईश्वर से जो प्रार्थना की है उसे संक्षेप में लिखो।
बच्चों से चर्चा करें कि वे बड़े होकर क्या बनना चाहते हैं।
समूह में बैठकर नीचे लिखी कविता को पढ़ो और लयपूर्वक अपने साथियों को सुनाओ-


ऐसे चमकें जैसे सूरज.
चन्दा चमचम, प्यारे, प्यारे।
ऐसे दमकें जैसे तारे
दमदम, दमदम बाँह पसारे।
ऐसे हँसें फूल से खिलखिल
बन जाएँ हमदार।


– शंकर सुल्तानपुरी

योग्यता-विस्तार


फूलों का क्या-क्या उपयोग किया जाता है ? सोचकर अपनी कॉपी में लिखो।