विद्युत धारा एवम परिपथ कक्षा 10वीं पाठ 6

विद्युत धारा एवम परिपथ कक्षा 10वीं पाठ 6

विद्युत धारा एवम परिपथ अध्याय में आने वाले मुख्य शब्द :

विद्युत धारा किसे कहते है ?

विद्युत आवेश के गति या प्रवाह में होने पर उसे विद्युत धारा (इलेक्ट्रिक करेण्ट) कहते हैं। इसकी SI इकाई एम्पीयर है। एक कूलांम प्रति सेकेण्ड की दर से प्रवाहित विद्युत आवेश को एक एम्पीयर धारा कहेंगे।

विद्युत विभव किसे कहते हैं ?

किसी ईकाई धनावेश को अनन्त से किसी बिन्दु तक लाने में जितना कार्य करना पड़ता है उसे उस बिन्दु का विद्युत विभव (electric potential ) कहते हैं। दूसरे शब्दों में, किसी बिन्दु पर स्थित ईकाई बिन्दुवत धनावेश में संग्रहित वैद्युत स्थितिज ऊर्जा, उस बिन्दु के विद्युत विभव के बराबर होती है। विद्युत विभव को Φ, ΦE या V के द्वारा दर्शाया जाता है। विद्युत विभव की अन्तर्राष्ट्रीय इकाई वोल्ट है।

विद्युत विभवान्तर किसे कहते हैं ?

किन्हीं दो बिन्दुओं के विद्युत विभवों के अंतर को विभवान्तर (पोटेन्शियल डिफरेन्स) या ‘वोल्टता’ (voltage) कहते हैं।
दूसरे शब्दों में,
इकाई धनावेश को एक बिन्दु से दूसरे बिन्दु तक ले जाने में किए गए कार्य को उन दो बिन्दुओं के बीच का विभवान्तर कहते हैं। विभवान्तर को वोल्टमापी द्वारा मापा जाता है।

अमीटर क्या होता है ?

अमीटर, जिसका शून्य बीच में है। ऐमीटर या ‘एम्मापी’ (ammeter या AmpereMeter) किसी परिपथ की किसी शाखा में बहने वाली विद्युत धारा को मापने वाला यन्त्र है।

वोल्टमीटर क्या होता है ?

वोल्टमीटर (अंग्रेज़ी:Voltmeter) एक मापन यंत्र है जो किसी परिपथ के किन्हीं दो बिन्दुओं के बीच विभवान्तर को मापने के लिये प्रयोग किया जाता है।

प्रतिरोध किसे कहते हैं ?

चालक का वह गुण जो विधुत धारा के प्रभाव में रुकावट पैदा करता है उसे प्रतिरोध(Resistance) कहते हैं अथवा किसी पदार्थ कि वह विशेषता जिसके द्वारा वह पदार्थ में करंट के बहाने में बाधा डालती है प्रतिरोध(Resistance) कहते है।

प्रतिरोधकता किसे कहते हैं ?

किसी पदार्थ की वैद्युत प्रतिरोधकता (Electrical resistivity; या resistivity, specific electrical resistance, or volume resistivity) से उस पदार्थ द्वारा विद्युत धारा के प्रवाह का विरोध करने की क्षमता का पता चलता है। कम प्रतिरोधकता वाले पदार्थ आसानी से विद्युत आवेश को चलने देते हैं। इसकी SI ईकाई ओम मीटर [Ω m] है।

विद्युत रोधी किसे कहते हैं ?

विद्युतरोधी (Insulator) वे पदार्थ होते हैं जो तुलनात्मक रूप से विद्युत धारा के प्रवाह का विरोध करते हैं या जिनमें से होकर समान स्थितियों में बहुत कम धारा प्रवाहित होती है।

तुल्य प्रतिरोध को कैसे समझा जा सकता है ?

यदि किसी परिपथ में किसी स्थान पर १० ओम के प्रतिरोध की आवश्यकता है किन्तु वह उपलब्ध नहीं है किन्तु ५-५ ओम के दो प्रतिरोध सुलभ हैं तो इनको श्रेणीक्रम में जोड़कर लगाया जाड़ सकता है। इसी प्रकार यदि २०-२० ओम के दो प्रतिरोध उपलब्ध होने पर उन्हें समान्तरक्रम में जोड़ देने से १० ओम का तुल्य प्रतिरोध प्राप्त हो जाता है।

विद्युत शक्ति का मापन कैसे किया जाता है ?

किसी विद्युत परिपथ में जिस दर से विद्युत उर्जा स्थानान्तरित होती है उसे विद्युत शक्ति (Electric power) कहते हैं। इसका एसआई मात्रक ‘वाट’ (W) है।
किसी परिपथ के दो नोडों के बीच विभवान्तर v(t) हो तथा इस शाखा में धारा i(t) हो तो उस शाखा द्वारा ली गयी विद्युतशक्ति,
{\displaystyle p(t)=v(t)\cdot i(t)}{\displaystyle p(t)=v(t)\cdot i(t)}

दिष्ट धारा क्या है ?

दिष्ट धारा वह धारा हैं जो सदैव एक ही दिशा में बहती हैं व जिसकी ध्रुवीयता नियत रहती हैं। इस प्रकार की धारा में +ve और -ve दोनों ध्रुव होते हैं। इसकी तुलना हम डिजिटल सर्किट से कर सकते हैं। कोई भी इलेक्ट्रोनिक कॉम्पोनेन्ट केवल दिष्ट धारा से ही चल सकती है।

प्रत्यावर्ती धारा किसे कहते हैं ?

प्रत्यावर्ती धारा वह धारा है जो किसी विद्युत परिपथ में अपनी दिशा बदलती रहती हैं। इसके विपरीत दिष्ट धारा समय के साथ अपनी दिशा नहीं बदलती। भारत में घरों में प्रयुक्त प्रत्यावर्ती धारा की आवृत्ति ५० हर्ट्ज़ होती है अर्थात यह एक सेकेण्ड में पचास बार अपनी दिशा बदलती है।

फ्यूज की परिभाषा बताइए ?

सामान्यत: फ्यूज एक धातु का छोटा-सा टुकड़ा होता है जो circuit के श्रेणी क्रम में जुड़ा होता है यदि circuit में एक निश्चित मान से ज्यादा करंट flow होती तब फ्यूज पिघल कर circuit को break कर देता है,फ्यूज कहलाता है।
“वह protective device जो उच्च वैद्युत धारा के विरुद्ध केबिलों तथा उपकरणों की रक्षा के लिये वैद्युत परिपथ के श्रेणी क्रम में संयोजित किया जाता है फ्यूज कहलाता है।”

कक्षा 10वीं पाठ 6 विद्युत धारा एवम परिपथ

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